



ग्राम सेतु डेस्क.
हनुमानगढ़ स्थित गुड डे डिफेंस स्कूल परिसर में कक्षा 12वीं के सीनियर विद्यार्थियों के सम्मान में विदाई समारोह का आयोजन किया गया। चेयरपर्सन वरुण यादव, प्रबंध निदेशक दिनेश जुनेजा, निदेशक एल. पी. जैन, प्रधानाचार्य एन्थोनियम्मा पी एवं प्रशासक अनुराग छाबड़ा ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का आगाज किया। जूनियर विद्यार्थियों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, जिनमें देशभक्ति गीत, समूह नृत्य, एकल गायन, कविता पाठ एवं लघु नाटिका शामिल रही। इन मनमोहक प्रस्तुतियों ने सीनियर विद्यार्थियों के विद्यालय जीवन की मधुर स्मृतियों को जीवंत कर दिया और पूरे वातावरण को भावनाओं से भर दिया।
चेयरपर्सन वरुण यादव ने कहा कि विदाई समारोह जीवन के नए अध्याय की शुरुआत है। विद्यालय से प्राप्त अनुशासन, संस्कार और आत्मविश्वास ही विद्यार्थियों को भविष्य की हर चुनौती में सफल बनाएंगे। उन्होंने सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
प्रबंध निदेशक दिनेश जुनेजा ने विद्यार्थियों को अनुशासन, परिश्रम, आत्मविश्वास एवं राष्ट्रसेवा के मूल्यों को अपनाने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि डिफेंस स्कूल का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल शैक्षणिक रूप से सक्षम बनाना ही नहीं, बल्कि उन्हें देश का जिम्मेदार, चरित्रवान और कर्तव्यनिष्ठ नागरिक बनाना भी है।
निदेशक एल. पी. जैन ने विद्यार्थियों को लक्ष्य के प्रति निरंतर समर्पित रहने तथा नैतिक मूल्यों को जीवन में अपनाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि विद्यालय से मिले संस्कार जीवन भर मार्गदर्शन करते हैं।
प्रधानाचार्य एन्थोनियम्मा पी ने विद्यार्थियों की शैक्षणिक, खेलकूद एवं सह-शैक्षणिक उपलब्धियों की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि विद्यालय परिवार को अपने सीनियर विद्यार्थियों पर गर्व है और उन्हें विश्वास है कि ये विद्यार्थी हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त करेंगे।
वहीं प्रशासक अनुराग छाबड़ा ने विद्यार्थियों को अनुशासन, सकारात्मक सोच और नेतृत्व क्षमता को अपनाने का संदेश देते हुए कहा कि विद्यालय परिवार सदैव उनके साथ मार्गदर्शक के रूप में जुड़ा रहेगा। सीनियर विद्यार्थियों ने भी मंच से अपने अनुभव साझा किए और विद्यालय परिवार के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न उपाधियाँ प्रदान की गईं तथा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। अंत में सभी सीनियर विद्यार्थियों को स्मृति चिह्न भेंट किए गए।





