








ग्राम सेतु डॉट कॉम
हनुमानगढ़ जिले की नवगठित टिब्बी नगरपालिका के पहले चुनाव में लोकतंत्र का एक बेहद खूबसूरत रंग देखने को मिला है। पिछले दो दशकों से पत्रकारिता के जरिए जनसरोकारों की मुखर आवाज उठाने वाले पत्रकार प्रभुराम ने वार्ड संख्या 17 से निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में शानदार जीत दर्ज की है। जनता ने उनकी वर्षों की निष्ठा, बेदाग छवि और जमीनी जुड़ाव पर मुहर लगाते हुए उन्हें पार्षद चुनकर नगर की पहली सरकार का हिस्सा बनाया है।
राजनीति विज्ञान में एम.ए., बी.एड. और पत्रकारिता में डीएमसी (डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन) जैसी उच्च शैक्षणिक योग्यता रखने वाले प्रभुराम क्षेत्र में अपने शांत, संयत और गंभीर व्यक्तित्व के लिए जाने जाते हैं। ‘कम बोलना और ज्यादा सुनना’ उनकी कार्यशैली का अहम हिस्सा रहा है। धीर-गंभीर स्वभाव के धनी प्रभुराम ने कभी पत्रकारिता को केवल आजीविका का माध्यम नहीं माना, बल्कि समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति की पीड़ा को शासन-प्रशासन तक पहुंचाने का जरिया बनाया। उनके इसी सेवाभाव का प्रतिफल रहा कि वार्ड 17 के मतदाताओं ने दलीय सीमाओं से ऊपर उठकर उन्हें अपना प्रतिनिधि चुना।
सक्रिय राजनीति में कदम रखने और चुनाव लड़ने के निर्णय को लेकर प्रभुराम बताते हैं कि दो दशक के लंबे पत्रकारीय जीवन में उन्हें आमजन की वास्तविक दिक्कतों को बेहद करीब से देखने और महसूस करने का अवसर मिला। प्रभुराम ‘ग्राम सेतु डॉट कॉम’ से कहते हैं, ‘मेरे लिए जनता की समस्याएं कभी भी केवल अखबार के पन्नों पर छपने वाली खबर भर नहीं रहीं। मैंने हमेशा उन्हें अपनी व्यक्तिगत परेशानी समझा और अधिकारियों से तालमेल बैठाकर उनके समाधान का प्रयास किया। शायद इसी विश्वास और आत्मीय रिश्ते का परिणाम है कि आज लोगों ने मुझे यह नई जिम्मेदारी सौंपी है।’
टिब्बी को अब एक सुनियोजित और आधुनिक शहरी ढांचा प्रदान करना सबसे बड़ी चुनौती है। नवनिर्वाचित पार्षद प्रभुराम अपने प्रशासनिक व सामाजिक अनुभवों के आधार पर दूरगामी कार्ययोजना की वकालत करते हैं। उनका मानना है कि तदर्थ व्यवस्थाओं के बजाय बुनियादी समस्याओं के स्थायी समाधान पर काम करना होगा।
अपनी प्राथमिकताओं को रेखांकित करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि वे क्षेत्र में खेल सुविधाओं के विस्तार के लिए एक भव्य खेल मैदान का निर्माण, नागरिकों के स्वास्थ्य व पर्यावरण के लिए सर्वसुविधायुक्त पार्क की स्थापना, कस्बे की सबसे विकट समस्या यानी जल निकासी (ड्रेनेज सिस्टम) का पुख्ता प्रबंध और स्थानीय सरकारी विद्यालयों में शैक्षणिक व भौतिक संसाधनों का सुदृढ़ीकरण करवाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। प्रभुराम का कहना है कि इन बुनियादी कार्यों को जनसहयोग और सभी दलों के जनप्रतिनिधियों के साथ मिलकर मिशन मोड पर पूरा कराया जाएगा।
स्थानीय राजनीति में समन्वय और सकारात्मक दृष्टिकोण का परिचय देते हुए प्रभुराम ने नगर पालिका में कांग्रेस समर्थित बोर्ड को बिना किसी पूर्व शर्त के केवल विकास के मुद्दे पर अपना समर्थन दिया है। उनका स्पष्ट मानना है कि टिब्बी के सर्वांगीण विकास के लिए राजनीतिक मतभेदों को दरकिनार करना जरूरी है। उल्लेखनीय है कि हाल ही में संपन्न हुए उपाध्यक्ष चुनाव में उनके घनिष्ठ मित्र राजेश राठौड़ की धर्मपत्नी पूनम शेखावत निर्विरोध उपाध्यक्ष निर्वाचित हुई हैं। इस नए राजनीतिक समीकरण के बाद प्रभुराम, पालिका चेयरमैन और उपाध्यक्ष के साथ मिलकर नगर के रुके हुए विकास कार्यों को गति देने के लिए खासे उत्साहित हैं।
चुनावी राजनीति में अक्सर पद और प्रभाव की होड़ देखने को मिलती है, लेकिन प्रभुराम की सोच इस मामले में पूरी तरह अलग है। अपनी पारिवारिक पृष्ठभूमि और भविष्य की प्राथमिकताओं पर ‘ग्राम सेतु डॉट कॉम’ के साथ बातचीत में प्रभुराम सहजता से कहते हैं, ‘मेरी कोई व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा या लालसा नहीं है। मेरा एक छोटा और संतुष्ट परिवार है। इकलौती बेटी है, जो वर्तमान में बीएसटीसी कर रही है। घर-परिवार की जिम्मेदारियों से निश्चिंत होकर अब मेरा पूरा ध्यान केवल समाज और नगर के विकास पर है। जनता ने जो अगाध विश्वास मुझ पर जताया है, उस पर खरा उतरना ही मेरे जीवन का मुख्य उद्देश्य है।”





